12 सितंबर 2017 - 03:11
म्याँमार में मुसलमानों पर अत्याचारों की निंदा।

उन्होंने पैग़म्बर (स) की हदीस बयान करते हुए कहा कि पैग़म्बरे अकरम (स) ने अमीरुल मोमेनीन (अ) से कहा कि अगर ख़ुदा वन्दे आलम तुम्हारे माध्यम से किसी एक व्यक्ति को निर्देशित कर दे तो यह बेहतर है हर उस चीज़ से जिस पर सूरज चमकता और डूबता है, और आप मार्गदर्शन करने वाले व्यक्ति पर विलायत रखते हैं । अहलेबैत (अ) विश्व विधानसभा सुप्रीम काउंसिल के प्रमुख ने कहा कि यह हदीस समाज में विद्वानों के महान चरित्र को दर्शाती है।

अहलेबैत (अ) न्यूज़ एजेंसी अबना: ईरान की राजधानी तेहरान में स्थित आज़रबाइजान के विद्वानों ने अहले बैत (अ) वर्ल्ड असेम्बली की सुप्रीम काउंसिल के प्रमुख अयातुल्लाह शबस्तरी से मुलाकात कर के आज़रबाइजान में उनकी सेवाओं का आभार व्यक्त किया है।
इस बैठक में आयतुल्लाह मोहसिन शबस्तरी ने लोगों की हिदायत के लिये उलेमा की अभूतपूर्व भूमिका का वर्णन करते हुए कहा कि समाज में आध्यात्मिक शांति को उलेमा के अनथक प्रयासों का परिणाम माना जाना चाहिए।
उन्होंने पैग़म्बर (स) की हदीस बयान करते हुए कहा कि पैग़म्बरे अकरम (स) ने अमीरुल मोमेनीन (अ) से कहा कि अगर ख़ुदा वन्दे आलम तुम्हारे माध्यम से किसी एक व्यक्ति की हिदायत कर दे तो यह बेहतर है हर उस चीज़ से जिस पर सूरज चमकता और डूबता है, और आप मार्गदर्शन करने वाले व्यक्ति पर विलायत रखते हैं ।
अहलेबैत (अ) विश्व विधानसभा सुप्रीम काउंसिल के प्रमुख ने कहा कि यह हदीस समाज में विद्वानों के महान चरित्र को दर्शाती है।
उन्होंने इस्लामी क्रांति की सफलता में इमाम खुमैनी (रह) की भूमिका की ओर इशारा करते हुए कहा कि इमाम खुमैनी (रह) ने ईरान को बदल दिया और इस्लामिक क्रांति सफ़ल हुई जिसे आज सुप्रीम लीडर हज़रत आयतुल्लाह ख़ामेनई जारी रखे हुए है।
आयतुल्लाह शबस्तरी ने इस्लामी जगत में मौजूद संकट का उल्लेख करते हुए कहा कि बर्मा के लाखों मुसलमान बुद्धिस्टों की क्रूरता और हिंसा का शिकार हैं, जिसकी वजह से 2 लाख मुसलमान घर बार छोड़कर पलायन कर गए हैं। उनके तानाशाह शासकों ने अभी लगभग 20 हजार घरों को जला दिया है।
उन्होंने समकालीन सांस्कृतिक आक्रमण की ओर इशारा करते हुए कहा कि जितने सांस्कृतिक आक्रमण आज हो रहे हैं कभी नहीं हुए, हम सब की जिम्मेदारी है कि लोगों को अहलेबैत (अ) की शिक्षाओं से अवगत कराएं, और उन तक मौजूदा तरीकों और नई तकनीक के माध्यम से अहलेबैत (अ) की शिक्षा पहुंचाने की कोशिश करें।